राजनांदगांव। शासकीय महाविद्यालयों में भारतीय जनता पार्टी द्वारा युवा संवाद के नाम पर राजनीतिक गतिविधियां संचालित किया जाना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण और चिंताजनक है।
एनएसयूआई की प्रदेश सचिव नेहा वैष्णव ने इस पर कड़ी आपत्ति जताते हुए कहा कि प्रदेश का युवा आज रोजगार के लिए दर-दर भटकने को मजबूर है। भाजपा सरकार युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने में पूरी तरह विफल रही है। कहीं परीक्षाएं आयोजित होने से पहले ही निरस्त कर दी जाती हैं, तो कहीं पेपर लीक जैसी घटनाएं विद्यार्थियों के भविष्य पर सवाल खड़े करती हैं। भर्ती प्रक्रियाओं में अनिश्चितता, परीक्षाओं में अनियमितता और बेरोजगारी समस्याओं से युवा पहले ही परेशान हैं।
नेहा वैष्णव ने कहा कि युवाओं के इन वास्तविक मुद्दों का समाधान करने के बजाय सरकार युवा संवाद के नाम पर राजनीतिक गतिविधियां आयोजित कर अपनी नाकामियों से ध्यान भटकाने का प्रयास कर रही है।
उन्होंने कहा कि महाविद्यालय शिक्षा का मंदिर है, उसे किसी भी राजनीतिक गतिविधियों का केंद्र नहीं बनाया जाना चाहिए। अध्ययन के समय राजनीतिक कार्यक्रम आयोजित करना शैक्षणिक संस्थानों की गरिमा और विद्यार्थियों के हितों के विपरीत है। सरकार को राजनीतिक आयोजनों से आगे बढ़कर युवाओं के वास्तविक मुद्दों पर जवाबदेही तय करनी चाहिए।










