राजनांदगांव। संस्कारधानी तीरंदाजी संघ, जिला इकाई, राजनांदगांव द्वारा प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी ग्रीष्मकालीन तीरंदाजी प्रशिक्षण कैम्प का आयोजन दिनांक 16 अप्रैल 2026 से अंतर्राष्ट्रीय हॉकी स्टेडियम, गौरव पथ, राजनांदगांव स्थित तीरंदाजी प्रशिक्षण केंद्र में किया जा रहा है।
संघ के वरिष्ठ एनआईएस कोच राहुल साहू ने जानकारी देते हुए बताया कि यह प्रशिक्षण शिविर प्रतिदिन सुबह 6 बजे से 8 बजे तक आयोजित किया जाएगा। शिविर में खिलाड़ियों को दो आयु वर्गों में प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिसमें प्रथम वर्ग 5 से 15 वर्ष तथा द्वितीय वर्ग 15 से 20 वर्ष तक के खिलाड़ियों के लिए रहेगा।
उन्होंने बताया कि इस शिविर में नए खिलाड़ियों को तीरंदाजी के मूलभूत तकनीकों का प्रशिक्षण दिया जाएगा, वहीं पूर्व से प्रशिक्षण ले रहे खिलाड़ियों को उन्नत (एडवांस) तकनीकों का विशेष अभ्यास कराया जाएगा। शिविर में अनुभवी एनआईएस कोच कुशल रजक द्वारा खिलाड़ियों के प्रदर्शन का व्यक्तिगत रूप से मूल्यांकन कर उन्हें बारीकियों के साथ प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा।
संघ का उद्देश्य केवल खिलाड़ियों को खेल सिखाना ही नहीं, बल्कि उनमें अनुशासन, एकाग्रता, आत्मविश्वास और खेल भावना का विकास करना भी है। तीरंदाजी जैसे खेल से बच्चों में मानसिक संतुलन, धैर्य और लक्ष्य पर फोकस करने की क्षमता बढ़ती है।
संस्कारधानी तीरंदाजी संघ द्वारा यह प्रशिक्षण निःशुल्क उपलब्ध कराया जा रहा है, जिससे अधिक से अधिक बच्चे एवं युवा तीरंदाजी खेल से जुड़ सकें और अपने कौशल का विकास कर सकें।
संघ ने शहर एवं ग्रामीण क्षेत्रों के सभी विद्यार्थियों एवं अभिभावकों से अपील की है कि वे अपने बच्चों को इस ग्रीष्मकालीन तीरंदाजी प्रशिक्षण कैंप में भाग लेने हेतु प्रेरित करें।
शिविर के लाभ
बच्चों के शारीरिक स्वास्थ्य में सुधार एवं फिटनेस का विकास।
मानसिक एकाग्रता और ध्यान क्षमता में वृद्धि।
अनुशासन और समय प्रबंधन की आदत विकसित होना।
मोबाइल एवं स्क्रीन से दूर रहकर सकारात्मक गतिविधियों में सहभागिता।
खेल के माध्यम से आत्मविश्वास एवं व्यक्तित्व विकास।










